
भारत की सबसे बड़ी राइड-हेलिंग कंपनी ओला कैब्स अगले तीन महीनों में शेयर बाजार में आईपीओ लाने की तैयारी कर रही है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, कंपनी करीब ₹40,000 करोड़ के मूल्यांकन पर ₹4,000 करोड़ जुटाने की उम्मीद कर रही है। यह ओला का दूसरा आईपीओ प्रयास होगा, क्योंकि 2021 में $1 बिलियन जुटाने की योजना रद्द कर दी गई थी।
प्रमुख बिंदु:
- ओला को बैंकरों से लेकर नियामक तक सभी स्तरों पर तैयारी शुरू कर दी है।
- फर्म ने एक महीने के भीतर आईपीओ सलाहकारों की नियुक्ति करने की योजना बनाई है।
- गोल्डमैन सैक्स, बैंक ऑफ अमेरिका, सिटीग्रुप के साथ-साथ भारतीय बैंकर कोटक और एक्सिस जैसे दिग्गजों के साथ चर्चा चल रही है।
- ओला की मुख्य कंपनी के अलावा, इसकी इलेक्ट्रिक वाहन इकाई ओला इलेक्ट्रिक भी आईपीओ लाने की योजना बना रही है।
बैकग्राउंड:
सॉफ्टबैंक द्वारा बैकड ओला ने हाल के वर्षों में कई चुनौतियों का सामना किया है। फिर भी, फर्म ने अपने परिचालन में सुधार किया है और वित्त वर्ष 2023 में घाटे में कमी आई है। हालांकि, उसने अपने अंतरराष्ट्रीय व्यवसायों को बंद करने का फैसला किया है।
ओला के सह-संस्थापक भाविश अग्रवाल भारत के शीर्ष स्टार्टअप उद्यमियों में से एक हैं। सफल आईपीओ से न केवल ओला, बल्कि पूरे भारतीय स्टार्टअप परिदृश्य को बढ़ावा मिलेगा।